मनसा देवी पैदल मार्ग से हटाए गए दुकानदारों ने की पुनः दुकानें लगवाने की मांग
एक सप्ताह में कार्रवाई नहीं हुई तो करेंगे वन विभाग कार्यालय का घेराव-संजय चोपड़ा
हरिद्वार, 11 मार्च। गत वर्ष मनसा देवी मंदिर पैदल मार्ग पर हुई दुर्घटना के बाद मार्ग से हटाए गए दुकानदारों ने पुनः दुकानें लगवाने की मांग की है। हटाए गए दुकानदारों के समर्थन में प्रैस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए लघु व्यापार एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष संजय चोपड़ा ने कहा कि गत वर्ष 27 जुलाई को हुए हादसे के बाद प्रशासन ने सुरक्षा कारणों से मनसा देवी पैदल मार्ग बंद कर दिया था और करीब 150 अस्थायी दुकानें हटवा दी गयी थी। लेकिन सात महीने बीत जाने के बाद भी मार्ग नहीं खोला गया। दुकानें हटाए जाने से कई परिवारों का रोजगार पूरी तरह समाप्त हो गया है। दुकानें हटने से लघु व्यापारियों के आर्थिक हालात बेहद खराब हो गए हैं। कई लोग बच्चों की स्कूल फीस तक जमा नहीं कर पा रहे हैं और घर की आर्थिक स्थिति लगातार खराब होती जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन को मार्ग खोलने के साथ प्रभावित व्यापारियों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी करनी चाहिए थी, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। संजय चोपड़ा ने कहा कि वन विभाग व्यापारियों की समस्या के समाधान के लिए समिति का गठन करे। एक सप्ताह में समिति का गठन नहीं होने पर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। लघु व्यापार एसोसिएशन की मनसा देवी इकाई के अध्यक्ष कमल प्रताप सिंह ने कहा कि दुकानदार कर्ज लेकर घर का खर्च चला रहे हैं। मुख्यमंत्री द्वारा मार्ग के चौड़ीकरण की घोषणा की गयी थी। लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गयी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर पैदल मार्ग नहीं खोला गया तो व्यापारी वन विभाग के कार्यालय का घेराव करेंगे। पत्रकार वार्ता में जुगल किशोर, संतोष, दयाराम गोस्वामी, राजकुमार, शशिकांत, रक्षाराम मौर्य, रमेश मौर्य, विजय गुप्ता और दिलीप मिश्रा सहित कई लघु व्यापारी मौजूद रहे।

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