June 26, 2026

ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम, कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने गढ़वाली बोली में किया जनसंवाद

ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम, कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने गढ़वाली बोली में किया जनसंवाद

रुद्रप्रयाग जनपद के बच्छणचयू काण्डई स्थित रेनबो पब्लिक स्कूल परिसर में आज ग्रामीण विकास, लघु एवं सूक्ष्म-मध्यम उद्यम, खादी एवं ग्राम उद्योग मंत्री श्री भरत सिंह चौधरी ने स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं के साथ गढ़वाली बोली में जनसंवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विभिन्न महिला समूहों से जुड़ी मातृशक्ति उपस्थित रही।

जनसंवाद के दौरान कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने महिलाओं की समस्याओं, सुझावों और आजीविका से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से सुना तथा सरकार द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी साझा की।
इस दौरान उन्होंने कहा कि केंद्र एवं राज्य सरकार ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार और आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने का कार्य तेज़ी से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाओं को न केवल आर्थिक मजबूती मिल रही है, बल्कि सामाजिक स्तर पर भी उनका सशक्तिकरण हो रहा है।

उन्होंने उपस्थित महिलाओं से अपील की कि वे सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाएं और अन्य लोगों को भी इन योजनाओं से जोड़ने में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि आज सरकार का लक्ष्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक विकास का लाभ पहुँचाना है, और इसी दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है।

उन्होंने बच्छणचयू क्षेत्र की प्राकृतिक विशेषताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि यहां की जलवायु कीवी उत्पादन तथा बांस प्लांटेशन के लिए अत्यंत उपयुक्त है। यदि स्थानीय स्तर पर इन क्षेत्रों में संगठित रूप से कार्य किया जाए तो यह क्षेत्र रोजगार और स्वरोजगार का मजबूत केंद्र बन सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार कृषि आधारित उद्यमों और ग्रामीण उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाओं के माध्यम से सहायता उपलब्ध करा रही है।उन्होंने बताया कि अब तक सरकार द्वारा लगभग पांच लाख समूहों को रोजगार एवं स्वरोजगार के लिए ऋण सहायता प्रदान की जा चुकी है, जिससे लाखों परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार आया है। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूह आज ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ बनते जा रहे हैं और महिलाओं की भागीदारी विकास की नई तस्वीर प्रस्तुत कर रही है।कार्यक्रम के दौरान तीन महिलाओं को लक्ष्मी किट भी प्रदान की गई।

कार्यक्रम के दौरान सूचना विभाग की टीम द्वारा राज्य सरकार और केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं का प्रचार प्रसार किया गया,जबकि कार्यक्रम में पिंटू भंडारी द्वारा मंच का कुशल संचालक किया गया।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम कठैत, बीकेटीसी उपाध्यक्ष विजय कपरवाण, मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत, जिला विकास अधिकारी अनीता पंवार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामप्रकाश, मुख्य कृषि अधिकारी लोकेंद्र बिष्ट, पशुपालन अधिकारी डॉ. रचना थपलियाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. अखिलेश मिश्रा, खंड विकास अधिकारी अगस्त्यमुनि सुरेश शाह, वाचस्पति सेमवाल सहित क्षेत्र पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान तथा विभिन्न स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं उपस्थित रहीं।