September 7, 2026

11 हजार विद्यार्थियों को मिलेगी निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग की सुविधा

11 हजार विद्यार्थियों को मिलेगी निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग की सुविधा

UPSC/State PCS से लेकर SSC, Banking, Railway, Defence, NET, GATE, CSIR-JRF और CAT/MAT जैसी परीक्षाओं की तैयारी कराई जाएगी

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने आज प्रदेश के विद्यार्थियों को विभिन्न प्रतियोगी एवं प्रवेश परीक्षाओं की गुणवत्तापूर्ण तैयारी के लिए निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग योजना का शुभारंभ किया। इस योजना का उद्देश्य प्रदेश के प्रतिभावान एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्र-छात्राओं को आर्थिक बाधाओं से मुक्त करते हुए देश के प्रतिष्ठित शिक्षकों, विषय-विशेषज्ञों एवं प्रोफेशनल कोचिंग संस्थानों की गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक सुविधाएं ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराना है।

योजना के अंतर्गत कुल 11,000 विद्यार्थियों को निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके तहत UPSC एवं State PCS की तैयारी के लिए 2,000 विद्यार्थियों, SSC, Railway, Banking Services एवं समकक्ष परीक्षाओं के लिए 5,000 विद्यार्थियों, Defence Services की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए 2,000 विद्यार्थियों, NET, GATE, CSIR एवं JRF जैसी परीक्षाओं के लिए 1,000 विद्यार्थियों तथा CAT/MAT जैसी प्रबंधन प्रवेश परीक्षाओं के लिए 1,000 विद्यार्थियों को प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन दिया जाएगा।

खुली ऑनलाइन स्क्रीनिंग परीक्षा से होगा विद्यार्थियों का चयन

योजना का लाभ लेने के लिए इच्छुक छात्र-छात्राओं का चयन खुली ऑनलाइन स्क्रीनिंग परीक्षा के माध्यम से किया जाएगा। इच्छुक विद्यार्थी निर्धारित पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर स्क्रीनिंग परीक्षा में प्रतिभाग कर सकेंगे। स्क्रीनिंग परीक्षा के प्रदर्शन के आधार पर विद्यार्थियों का चयन संबंधित परीक्षा की तैयारी के लिए किया जाएगा।

योजना में टॉपर एवं मेधावी छात्र-छात्राओं को प्राथमिकता दी जाएगी। साथ ही चयन प्रक्रिया में विद्यार्थियों की योग्यता, परीक्षा में प्रदर्शन तथा निर्धारित पात्रता मानकों को ध्यान में रखा जाएगा। इस प्रकार योजना का लाभ उन विद्यार्थियों तक पहुंचाया जाएगा, जो प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए गंभीर हैं और अपनी प्रतिभा एवं क्षमता के बल पर आगे बढ़ना चाहते हैं।

सिर्फ ऑनलाइन कक्षाएं नहीं, मिलेगा पूरा डिजिटल लर्निंग सपोर्ट

इस योजना की महत्वपूर्ण विशेषता यह होगी कि विद्यार्थियों को केवल लाइव ऑनलाइन कक्षाओं तक सीमित नहीं रखा जाएगा। उन्हें रिकॉर्डेड लेक्चर, डिजिटल स्टडी मटेरियल, विषयवार प्रश्न बैंक, नियमित ऑनलाइन टेस्ट, मॉक टेस्ट, परीक्षा पैटर्न आधारित अभ्यास तथा प्रदर्शन के आधार पर मूल्यांकन जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।

विद्यार्थी अपनी सुविधा के अनुसार रिकॉर्डेड कक्षाओं और डिजिटल अध्ययन सामग्री का दोबारा अध्ययन कर सकेंगे। नियमित टेस्ट एवं मॉक टेस्ट के माध्यम से उनकी तैयारी का आकलन किया जाएगा तथा विद्यार्थियों को यह समझने में सहायता मिलेगी कि किन विषयों में उन्हें अधिक अभ्यास की आवश्यकता है।

देश के प्रतिष्ठित एवं प्रोफेशनल ट्यूटर विद्यार्थियों को देंगे मार्गदर्शन

गुणवत्तापूर्ण प्रतियोगी परीक्षा प्रशिक्षण सुनिश्चित करने के लिए विभाग द्वारा Study IQ, Delhi, Mahendra Private Limited, Lucknow तथा Doon Dreamers, Dehradun जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों का चयन किया गया है।

इन संस्थानों के विशेषज्ञ शिक्षकों एवं विषय-विशेषज्ञों के माध्यम से विद्यार्थियों को विभिन्न प्रतियोगी एवं प्रवेश परीक्षाओं की व्यवस्थित तैयारी कराई जाएगी। इसके साथ ही सरकार की ओर से देश के प्रसिद्ध, अनुभवी एवं प्रोफेशनल ट्यूटरों और विषय-विशेषज्ञों को भी इस अभियान से जोड़ा जाएगा, ताकि उत्तराखंड के विद्यार्थियों को देशभर में उपलब्ध उत्कृष्ट शिक्षण एवं मार्गदर्शन का लाभ मिल सके।

विद्यार्थियों को कैसे मिलेगा लाभ?

योजना के तहत लाभ लेने की प्रक्रिया को सरल एवं पारदर्शी रखा जाएगा। इच्छुक विद्यार्थी—

1. निर्धारित ऑनलाइन पोर्टल पर अपना पंजीकरण करेंगे।
2. आवश्यक विवरण एवं दस्तावेज अपलोड कर आवेदन करेंगे।
3. ऑनलाइन स्क्रीनिंग परीक्षा में प्रतिभाग करेंगे।
4. परीक्षा में प्रदर्शन एवं निर्धारित पात्रता के आधार पर चयनित विद्यार्थियों को संबंधित कोर्स में प्रवेश दिया जाएगा।
5. चयनित विद्यार्थियों को ऑनलाइन कक्षाओं, रिकॉर्डेड लेक्चर एवं डिजिटल अध्ययन सामग्री तक निःशुल्क पहुंच उपलब्ध कराई जाएगी।
6. नियमित टेस्ट एवं मॉक टेस्ट के माध्यम से विद्यार्थियों की तैयारी का मूल्यांकन किया जाएगा।
7. विद्यार्थियों को उनकी तैयारी एवं प्रदर्शन के अनुरूप आवश्यक शैक्षणिक मार्गदर्शन भी उपलब्ध कराया जाएगा।

आर्थिक रूप से सक्षम न होने वाला विद्यार्थी भी कर सकेगा बड़े लक्ष्य की तैयारी

सरकार का प्रयास है कि किसी भी प्रतिभावान विद्यार्थी की सफलता के रास्ते में आर्थिक संसाधनों की कमी बाधा न बने। प्रदेश में अनेक विद्यार्थी प्रतिभाशाली होने के बावजूद महंगी कोचिंग का खर्च वहन नहीं कर पाते। ऐसे विद्यार्थियों के लिए यह योजना गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी।

डिजिटल तकनीक के माध्यम से विद्यार्थियों को उनके घर से ही देश के श्रेष्ठ शिक्षकों एवं विषय-विशेषज्ञों से सीखने का अवसर मिलेगा। इससे पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी बड़े शहरों में जाकर महंगी कोचिंग लेने की आवश्यकता कम होगी।

Technology, Quality और Accessibility को एक साथ जोड़ने का प्रयास

मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज के समय में डिजिटल तकनीक शिक्षा की पहुंच, गुणवत्ता और अवसरों को व्यापक बनाने का प्रभावी माध्यम बन चुकी है। इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार Technology, Quality और Accessibility को एक साथ जोड़कर प्रदेश के विद्यार्थियों को उनके लक्ष्य तक पहुंचने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन एवं अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास कर रही है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का संकल्प है कि उत्तराखंड के युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बेहतर संसाधन, गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन और समान अवसर उपलब्ध हों। आर्थिक परिस्थितियां किसी विद्यार्थी की प्रतिभा और उसके सपनों के बीच बाधा न बनें, इसी उद्देश्य से निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग की यह पहल शुरू की गई है।

इस योजना के माध्यम से उत्तराखंड के 11,000 विद्यार्थियों को निःशुल्क गुणवत्तापूर्ण कोचिंग उपलब्ध कराते हुए उन्हें विभिन्न राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय प्रतियोगी एवं प्रवेश परीक्षाओं के लिए तैयार किया जाएगा।